बल की परिभाषा | प्रकार | विमीय सूत्र | मात्रक

बल किसे कहते है si मात्रक और परिभाषा प्रकार

बल क्या है परिभाषा कितने प्रकार के होते है जैसे संपर्क बल जिसमे घर्षण और मैकेनिकल बल,अनुप्रयुक्त बल तथा असंपर्क बल जिसमे चुम्बकीय,गुरुत्वाकर्षण और स्थिर विद्युत बल तथा संतुलित बल और असंतुलित बल और इन सभी के उदाहरण

बल वह कारक है जो किसी भी रुकी हुई अथवा थमी हुई वस्तु में परिवर्तन ला सकता है जब कोई वस्तु किसी भी सीधे रस्ते पे चल रही होती है तो उसे रोकने के लिए या उसकी गति को और तेज करने के लिए जिस कारक का किया जाता है उसे ही बल (force) कहते है

अर्थात

वह कारक जो किसी वस्तु की स्थिति मे परिवर्तन करता है या परिवर्तन लाने का प्रयास करता है बल कहलाता है

बल का SI unit (मात्रक) newton होता है विमाय सूत्र = [M L T-2] बल एक सदिश राशि है

बल किसी भी वस्तु पर उसके द्रव्यमान (mass) और वजन और आकार के हिसाब से अलग अलग लगता है क्योंकि बल के परिमाण और दिशा दोनों होती है यह एक सदिश (vector) मात्रा (quantity) है इसके सदीश मात्रा होने से बल यह दर्शाता है कि यह एकल बिंदु पे भी केंद्रित है
विज्ञान कहता है कि बल एक खीचने और धकेलने की प्रक्रिया होती है जो की उसकी वजन के हिसाब से उसके वेग बदलता है

बल के प्रभाव –

  1. बल से किसी स्थित वस्तु से गतिशील स्थिति मे लाया जा सकता है
  2. बल किसी वस्तु को गतिशील स्थिति से स्थिर स्थिति मे ला सकता हैं
  3. बल से किसी भी वस्तु की दिशा को परिवर्तित किया जा सकता है
  4. बल से किसी वस्तु की गति को बढ़ाया या घटाया जा सकता है

बल कितने प्रकार के होते है ?

बल कितने प्रकार की होती हैं प्रकृति के आधार पर तथा संतुलन के आधार पर और धनात्मक और ऋणआत्मक बल के आधार पर सभी को उदाहरण सहित दिया गया है

  • सम्पर्क बल
  1. मैकेनिकल  फोर्स
  2. घर्षण बल
  3. अनुप्रयुक्त बल 
  • असम्पर्क बल
  1. गुरुत्वाकर्षण बल 
  2. स्थिर विद्युत बल
  3. चुंबकीय बल
  • साधारण बल
  1. संतुलित बल
  2. असंतुलित बल

सम्पर्क बल |  contact force In Hindi

जब एक सरफेस दूसरी सरफेस के संपर्क में आती है तब बल लगता है उसे संपर्क बल कहते हैं 

 उदाहरण के लिए एक हाथ ठेले वाला अपने ठेले को धक्का देता है |

  • मैकेनिकल  फोर्स
  • घर्षण बल
  • अनुप्रयुक्त बल 

मैकेनिकल  फोर्स

मशीनों के कारण हो रहे किसी कार्य मे लग रहे बल को मैकेनिकल बल कहते है 

उदाहरण के लिए किसी  रोबोट के द्वारा किसी गेंद को उठाना और कुएं में से रस्सी-चकरी की सहायता से बाल्टी में पानी खींचना

घर्षण बल

जब एक दूसरे के संपर्क में रखीं दो सतह एक दूसरे के ऊपर खिसकने का विरोध करती हैं तब उस बल को घर्षण बल कहते हैं

अनुप्रयुक्त बल 

जब एक ऑब्जेक्ट दूसरे ऑब्जेक्ट पर बल लगाता है उसे अनुपयुक्त बल कहते हैं जैसे हाथ के ठेले में धक्का देना | 

असम्पर्क बल | Non contact force In Hindi

जब बिना संपर्क में आए बल लग सकता हो उस बल को संपर्क बल कहते हैं इसके तीन प्रकार हैं

  • गुरुत्वाकर्षण बल 
  • स्थिर विद्युत बल
  • चुंबकीय बल

गुरुत्वाकर्षण बल | Gravitational force In Hindi

दो ऑब्जेक्ट्स के बीच लगने वाला आकर्षण बल गुरुत्वाकर्षण बल कहलाता है सिर्फ आकर्षण बल होता है | अपनी जगह पर उछलने पर फिर से जमीन पर आ जाना, एप्पल का नीचे की ओर ही गिरना, सिक्के को उछालने पर नीचे की और गिरना गुरुत्वाकर्षण बल के उदाहरण है

स्थिर विद्युत बल | Electrostatic force In Hindi

स्थिर विद्युत से उत्पन्न बल स्थिर विद्युत बल होता है यह दो चार्ज की हुई वस्तुओं के बीच लगता है स्थिर विद्युत बल बिल्कुल गुरुत्वाकर्षण बल के जैसा होता है परंतु गुरुत्वाकर्षण बल सिर्फ आकर्षण पर लागू होता है परंतु स्थिर विद्युत बल आकर्षण और प्रतिकर्षण दोनों प्रकृति का हो सकता है |

 फुकने को बालों में रगड़ कर दीवाल पर चिपकाना, किसी पेन को बालों में रगड़ कर किसी छोटे कागज के टुकड़े को उठाना इत्यादि स्थिर विद्युत बल के उदाहरण

चुंबकीय बल | Magnetic force In Hindi

चुंबक के कारण आकर्षण बल  और प्रतिकर्षण बल चुंबकीय बल होता है  चुंबक के पास लोहे को ले जाने पर लोहे का आकर्षित होना, विद्युत चुंबक की सहायता से किसी वाहन को खाई में से निकालना  आदि चुंबकीय बल के उदाहरण है

साधारण बल

  1. संतुलित (balanced force)
  2. असंतुलित (unbalanced force)

संतुलित बल (balanced force)

यह एक ऐसा बल है जिसमे दोनो तरफ समांतर बल ही लगाया जाता है जिससे की दोनों तरफ में कोई भी प्रस्ताव नहीं होता जैसे की रस्सी को दोनों तरफ से खींचना, तराजू ,झूला यह सब संतुलित बल पे ही काम करते है

असंतुलित बल(unbalanced force)

यह वह बल होता है जिसमे प्रस्ताव होता है जैसे की किसी रस्सी को दोनों तरफ से खींचा जाए और वह एक तरफ के लोगो को दूसरी तरफ ले आए , तराजू का एक तरफ झुक जाना आदि

Isaac Newton के पहले गति के नियम(third law of motion) में यह साफ़ दर्शाया है कि जब भी कोई वस्तु रुकी हुई होती है या कोई भी वस्तु सीधे रस्ते पे चल रही होती है तो वह सीधे सीधे ही चलती रहती है जब तक उसपर कोई भी बाहरी बल न लगाया जाए तब तक वह न आगे बढ़ती है और ना रूकती है बल वह कारक है जो वस्तु की स्थति परिवर्तन करता है

उदहारण-

1)दरवाजे को खोलने या बंद करने के लिए खीचना अथवा धकेलना
2) चलती हुई वाहन को रोकने के लिए ब्रेक (break) लगाना
3)किसी रुकी हुई वस्तु को धक्का मारना जिससे की वह चलने लगे
4)किसी भी वस्तु को एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाना
5) ऊपर से गिरती हुई कोई वस्तु गुरुत्वाकर्षण की वजह से जमीन पे आ गिरती है यह भी बल है

बल की परिभाषा,S.I मात्रक,इसके प्रकार संतुलित बल और असंतुलित बल की जानकारी समझ आ गयी होगी इसे शेयर करें अपने दोस्तों के साथ नीचे बटन है और प्रश्न के लिए comment करें

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